वह दिन आज भी मुझे याद है तुमसे बिछड़ते वक़्त मेरी आंखें नम हो जाती थी मजबूरियों में तुमसे दूर जाना पड़ता था
मेरे प्यार को अपने साथ संलग्न कर लो तुम्हारे बिना अपना वजूद मिट जाएगा
उसके इश्क की गहराई से डरते हैं क्योंकि हमको तैरना नहीं आता
तुम्हारी लापरवाही से मेरे प्यार का सपना अधूरा रह गया
Comments
Post a Comment